चार जिलों की अपराध समीक्षा में डीआइजी का सख्त संदेश, लंबित मामलों का निस्तारण नहीं हुआ तो तय होगी जिम्मेदारी
साहिल अंसारी
डीआइजी कलानिधि नैथानी ने चारों जिलों की अपराध समीक्षा की, लंबित हत्याकांडों के पर्दाफाश, वांछितों की गिरफ्तारी और खराब विवेचना पर जवाबदेही तय करने के दिए निर्देश
, हापुड़। आगामी त्योहारों को लेकर मेरठ रेंज पुलिस ने कानून-व्यवस्था को लेकर तैयारियां तेज कर दी हैं। बुधवार को मेरठ रेंज कार्यालय में पुलिस उपमहानिरीक्षक कलानिधि नैथानी ने मेरठ, हापुड़, बुलंदशहर और बागपत के पुलिस अधिकारियों के साथ अपराध समीक्षा एवं कानून-व्यवस्था संबंधी गोष्ठी की। हापुड़ के पुलिस अधीक्षक कुंवर ज्ञानंजय सिंह समेत चारों जिलों के पुलिस अधिकारी बैठक में शामिल हुए। वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से अपर पुलिस अधीक्षक, क्षेत्राधिकारी, मुख्य अग्निशमन अधिकारी और सीओ एलआइयू समेत अन्य अधिकारी भी जुड़े।
बैठक में गणेश चतुर्थी, नवरात्र, रामनवमी, दशहरा, दीपावली, छठ पूजा और कार्तिक पूर्णिमा मेले की तैयारियों की समीक्षा की गई। डीआइजी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी थाना क्षेत्रों में त्योहार रजिस्टर का गंभीरता से अवलोकन कर पूर्व में हुए विवादों को चिह्नित किया जाए। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिया कि किसी भी स्थान पर नई परंपरा शुरू नहीं होने दी जाए। गणेश प्रतिमा स्थापना वाले सभी स्थानों की सूची थाना प्रभारी और क्षेत्राधिकारी के पास उपलब्ध रहे तथा आयोजकों से समन्वय कर प्रमुख स्थानों पर सीसीटीवी कैमरे लगवाए जाएं।
हत्याकांड और गंभीर अपराधों पर विशेष निगरानी
डीआइजी ने हत्या, लूट और डकैती के मामलों में लंबित गिरफ्तारियां जल्द कराने के लिए विशेष टीमें गठित करने के निर्देश दिए। हत्या के वांछित अपराधियों की सूची तैयार कर न्यायालय से वारंट लेकर कुर्की की कार्रवाई और इनाम घोषित कराने को कहा। अनावरण के लिए लंबित हत्याकांडों का शीघ्र पर्दाफाश करने के साथ गंभीर अपराधों की विवेचनाओं का अभियान चलाकर गुणवत्तापूर्ण निस्तारण कराने के निर्देश दिए गए।
गौकशी और पशु क्रूरता के वांछित आरोपितों की गिरफ्तारी के साथ ऐसे अपराधियों की हिस्ट्रीशीट खोलने को कहा गया। ट्रांसफार्मर और पशु चोरों पर भी निगरानी बढ़ाने तथा जिन थानों में लंबे समय से हिस्ट्रीशीट नहीं खोली गई हैं, वहां नए अपराधियों को चिह्नित कर कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
खराब विवेचना पर अफसरों से जवाब तलब
अपराध समीक्षा के दौरान अच्छी विवेचनाओं के निस्तारण पर क्षेत्राधिकारी नगर बागपत की प्रशंसा की गई। वहीं खराब विवेचना निस्तारण पर क्षेत्राधिकारी शिकारपुर बुलंदशहर से स्पष्टीकरण तलब किया गया। सर्किल क्षेत्र में अत्यधिक वारदात होने पर क्षेत्राधिकारी सदर देहात मेरठ से भी जवाब मांगा गया। डीआइजी ने कहा कि लंबित विवेचनाओं की क्षेत्राधिकारी, अपर पुलिस अधीक्षक और पुलिस अधीक्षक स्तर से नियमित निगरानी की जाए।
साइबर अपराध और महिला सुरक्षा पर भी जोर
मिशन शक्ति, एंटी रोमियो और पॉक्सो मामलों में प्रभावी कार्रवाई के निर्देश दिए गए। सभी क्षेत्राधिकारियों को अपने कार्यालय में नियमित जनसुनवाई करने और शिकायतों का थाना व सर्किल स्तर पर ही गुणवत्तापूर्ण निस्तारण कराने को कहा गया। साइबर अपराध की साप्ताहिक समीक्षा, फर्जी कॉल और साइबर फ्रॉड में इस्तेमाल मोबाइल नंबर व आइएमईआइ को साइबर पोर्टल के माध्यम से अधिक से अधिक ब्लॉक कराने के निर्देश दिए गए।
इसके अलावा गैंगस्टर, गुंडा और जिला बदर की कार्रवाई तेज करने, पुरस्कार घोषित अपराधियों की गिरफ्तारी, स्नैचिंग की घटनाओं पर अंकुश, अवैध शराब, जुआ-सट्टा, मादक पदार्थ, अवैध खनन और भूमाफिया के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए गए। पटाखों के अवैध भंडारण पर स्थानीय प्रशासन से समन्वय कर कार्रवाई करने तथा सोशल मीडिया पर भ्रामक सूचनाओं की निगरानी और तत्काल खंडन कराने को कहा गया। श्रावण मास की कांवड़ यात्रा सकुशल संपन्न कराने में बेहतर कार्य करने वाले जनपद प्रभारियों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित भी किया गया।
Comments
Post a Comment