ओवैसी की गवाही से गरमाया छिजारसी टोल हमला मामला, कड़ी सुरक्षा के बीच कचहरी पहुंचे एआईएमआईएम प्रमुख


साहिल अंसारी

करीब दो घंटे तक न्यायालय में चली गवाही, कचहरी परिसर में पुलिस-पीएसी की रही कड़ी सुरक्षा; 8 सितंबर को होगी अगली सुनवाई

, हापुड़। वर्ष 2022 में छिजारसी टोल प्लाजा के पास एआईएमआईएम के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं सांसद असदुद्दीन ओवैसी पर हुए जानलेवा हमले के मुकदमे में गुरुवार को उनकी गवाही हुई। गवाही देने के लिए ओवैसी कड़ी सुरक्षा के बीच जिला न्यायालय पहुंचे। उनके पहुंचने से पहले ही कचहरी परिसर और आसपास का क्षेत्र पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया था। करीब दो घंटे तक न्यायालय में गवाही की प्रक्रिया चली। इसके बाद वह सुरक्षा घेरे में कचहरी से रवाना हो गए। मामले की अगली सुनवाई आठ सितंबर 2026 को होगी।

करीब दो घंटे न्यायालय में रहे ओवैसी

मामले की सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश (द्वितीय) शेष बहादुर की न्यायालय में चल रही है। गुरुवार को सांसद असदुद्दीन ओवैसी करीब साढ़े दस बजे कड़ी सुरक्षा के बीच जिला न्यायालय पहुंचे। न्यायालय परिसर में प्रवेश के दौरान सुरक्षा कर्मियों ने पूरी सतर्कता बरती। गवाही पूरी होने तक वह करीब दो घंटे न्यायालय में रहे। इसके बाद उन्हें सुरक्षा घेरे में कचहरी से बाहर निकाला गया। इस दौरान उन्होंने मीडिया से बातचीत नहीं की।

एआईएमआईएम के अधिवक्ता आरिफ ने बताया कि मुकदमे में यामीन माजिद और शौकत की गवाही पूर्व में हो चुकी है। गुरुवार को सांसद असदुद्दीन ओवैसी की गवाही भी पूरी हो गई। उन्होंने बताया कि मुकदमे में अभी करीब 40 से 45 गवाहों की गवाही होना बाकी है। अगली सुनवाई आठ सितंबर 2026 को निर्धारित की गई है।

तीन फरवरी 2022 को हुआ था हमला

तीन फरवरी 2022 को विधानसभा चुनाव के दौरान प्रचार करने के बाद असदुद्दीन ओवैसी मेरठ से दिल्ली लौट रहे थे। इसी दौरान पिलखुवा थाना क्षेत्र में एनएच-9 स्थित छिजारसी टोल प्लाजा के पास उनकी कार पर फायरिंग कर जानलेवा हमला किया गया था। हमले में वह बाल-बाल बच गए थे। घटना के बाद उन्होंने इंटरनेट मीडिया के माध्यम से इसकी जानकारी दी थी। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर आरोपितों को गिरफ्तार किया था। इसी मामले में अब न्यायालय में सुनवाई चल रही है।

एएसपी ने संभाली सुरक्षा की कमान

ओवैसी के न्यायालय पहुंचने को लेकर कचहरी रोड से लेकर न्यायालय परिसर तक सुरक्षा के व्यापक प्रबंध किए गए थे। अपर पुलिस अधीक्षक विनीत भटनागर ने स्वयं सुरक्षा व्यवस्था की कमान संभाली। सीओ सिटी अनीता चौहान, सीओ यातायात दीपक चतुर्वेदी और सीओ पिलखुवा मुनीश चंद्र सहित कई थाना प्रभारी और निरीक्षक तैनात रहे। पुलिस के साथ पीएसी के जवान भी सुरक्षा में लगाए गए थे। कचहरी में आने वाले लोगों को जांच के बाद प्रवेश दिया गया।

कार्यकर्ताओं और लोगों की भीड़ से पुलिस को करनी पड़ी मशक्कत

सांसद के जिला न्यायालय पहुंचने की जानकारी मिलने पर एआईएमआईएम के पदाधिकारी और कार्यकर्ता भी कचहरी पहुंच गए। इसके अलावा कई लोग उन्हें देखने के लिए आसपास रुक गए। इससे कचहरी परिसर और आसपास भीड़ बढ़ गई। पुलिस ने लोगों को हटाकर रास्ता खाली कराया। इसके बाद सुरक्षा घेरे में सांसद की गाड़ी को कचहरी परिसर से बाहर निकलवाया गया।

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