साप्ताहिक पैठ बंद होने पर सपा का धरना, बोले-गरीबों की रोजी-रोटी छीनना ठीक नहीं; शहर में फिर लगाई जाए पैठ
साहिल अंसारी
हापुड़। हापुड़ नगर में रविवार को लगने वाली साप्ताहिक पैठ बंद होने से छोटे दुकानदारों और मेहनतकश परिवारों के सामने पैदा हुए आर्थिक संकट को लेकर समाजवादी पार्टी ने आवाज उठाई। साप्ताहिक पैठ दोबारा शुरू कराने की मांग को लेकर सपा कार्यकर्ताओं ने धरना-प्रदर्शन कर प्रशासन के खिलाफ अपनी नाराजगी जताई। कार्यकर्ताओं ने कहा कि पैठ बंद होने से सैकड़ों परिवारों की रोजी-रोटी प्रभावित हो रही है। प्रशासन को विवाद का समाधान कर पैठ के लिए उपयुक्त स्थान उपलब्ध कराना चाहिए।
सपा जिलाध्यक्ष एडवोकेट आनंद गुर्जर (बबलू प्रधान) के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने कहा कि हापुड़ में रविवार की साप्ताहिक पैठ कई वर्षों से लगती आ रही है। पहले अतरपुरा चौपला से कोठीगेट और गोल मार्केट तक पैठ लगती थी। बाद में इसका स्थान बदलकर रामलीला मैदान कर दिया गया। रामलीला मैदान में भी पैठ को लेकर विवाद उत्पन्न होने के बाद इसे बंद करा दिया गया। इसके बाद से पैठ में सामान बेचने वाले छोटे दुकानदारों और मजदूरों की आमदनी का जरिया बंद हो गया है।
धरने के दौरान सपा नेताओं ने कहा कि साप्ताहिक पैठ में बड़े कारोबारी नहीं, बल्कि छोटे दुकानदार, मजदूर और निम्न आय वर्ग के लोग अपना सामान बेचते हैं। इनमें कई ऐसे परिवार हैं जिनके लिए सप्ताह में एक दिन लगने वाली पैठ की कमाई घर के खर्च और बच्चों की जरूरतें पूरी करने का महत्वपूर्ण साधन है। पैठ बंद होने से उनके सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है।
सपा कार्यकर्ताओं ने जिलाधिकारी से मांग की कि हापुड़ नगर में यातायात और आमजन की सुविधा को ध्यान में रखते हुए ऐसा स्थान चिन्हित किया जाए, जहां रविवार को साप्ताहिक पैठ व्यवस्थित तरीके से लगाई जा सके। प्रशासन की निगरानी में पैठ शुरू कराने से दुकानदारों को रोजगार और नगरवासियों को सस्ते सामान की सुविधा दोनों मिल सकती हैं।
सपा जिलाध्यक्ष ने कहा कि पार्टी गरीब और मेहनतकश लोगों की समस्याओं को लेकर लगातार आवाज उठाती रहेगी। प्रशासन से जल्द समाधान की मांग की गई। धरने में पार्टी के प्रदेश सचिव पुरुषोत्तम वर्मा, प्रीति सिंह, लोहिया वाहिनी के पदाधिकारी समेत कई कार्यकर्ता मौजूद रहे।
Comments
Post a Comment